Oops! It appears that you have disabled your Javascript. In order for you to see this page as it is meant to appear, we ask that you please re-enable your Javascript!
Breaking Newsदुनियाबिज़नेसव्यापार

छह सरकारी बैंकों का विलय: अब बचे केवल 12 सरकारी बैंक

Spread the love
नई दिल्ली l भारत सरकार ने छह सरकारी बैंकों के विलय का एलान कर दिया है।  इस खबर के बाद सरकारी बैंकों के शेयरों में गिरावट आई। वित्त मंत्रालय ने शुक्रवार को 10 बैंकों के प्रमुखों को बुलाया था। इनमें यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, केनरा बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, यूनाइटेड बैंक, ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉमर्स, इलाहाबाद बैंक, कॉरपोरेशन बैंक, सिंडिकेट बैंक और आंध्रा बैंक शामिल हैं। पंजाब नेशनल बैंक, इंडियन बैंक, यूनियन बैंक और केनरा बैंक में बाकी सरकारी बैंकों का विलय करने की घोषणा कर दी गई है।
सुस्त अर्थव्यवस्था को गति देने के लिए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण कई बड़े एलान किए हैं। इनमें सरकारी बैंकों के मुनाफे की स्थिति, लोन रिकवरी का स्तर और नीरव मोदी जैसे बड़े घोटाले रोकने पर किए जा रहे कार्यों के बारे में उल्लेख किया है। इसके अलावा पंजाब नेशनल बैंक में ओरिएंटल बैंक और यूनाइटेड बैंक का विलय होगा। 18 में से छह सरकारी बैंकों का विलय कर दिया गया है। अब विलय के बाद केवल 12 सरकारी बैंक बचेंगे।
बैंकों के मर्जर का ऐलान

1.PNB, OBC और यूनाइटेड बैंक एक होंगे

17.4 लाख करोड़ का बिजनेस

2.केनरा बैंक और सिंडिकेट बैंक के मर्जर का ऐलान

देश का चौथा बड़ा बैंक

10342 ब्रांच होंगे

विलय के बाद केनरा बैंक का 15.2 लाख करोड़ का बिजनेस

3.यूनियन बैंक, आंध्रा बैंक, कॉरपोरेशन बैंक का मर्जर

पांचवां सबसे बड़ा बैंक

14.59 लाख करोड़ का बिजनेस

4.इंडियन बैंक और इलाहाबाद बैंक का विलय

7वां सबसे बड़ा बैंक

8.08 लाख करोड़ का बिजनेस

केनरा बैंक और सिंडिकेट बैंक के मर्जर का ऐलान
  1. PNB, OBC और यूनाइटेड बैंक एक होंगे
  2. केनरा बैंक और सिंडिकेट बैंक के मर्जर का ऐलान
  3. यूनियन बैंक, आंध्रा बैंक, कॉरपोरेशन बैंक का मर्जर
  4. इंडियन बैंक और इलाहाबाद बैंक का विलय

वित्तमंत्री की बड़ी घोषणाएंः
  • वित्त मंत्री ने कहा कि बैकों ने उपभोक्ताओं के हित में घोषणाएं की हैं। 
  • पांच ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था पर काम जारी है।
  • तीन लाख फर्जी कंपनियां बंद कर दी गई हैं। 
  • बैंकों में कई बड़े सुधार किए गए हैं। 
  • बैंक अच्छे प्रबंधन के साथ काम करेंगे। 
  • 250 करोड़ से ज्यादा के कर्ज पर निगाह रखेंगे। 
  • बड़े कर्ज पर निगरानी के लिए एजेंसी बनेगी। 
  • भगोड़ों की संपत्ति पर कार्रवाई जारी रहेगी। 
  • कम वक्त में ज्यादा लोन की स्कीम जारी।
  • नीरव मोदी जैसे मामले रोकने के लिए सतर्कता। 
  • अभी तक आठ सरकारी बैंकों ने रेपो रेट पर आधारित ब्याज दर की शुरुआत की है।
  • मुश्किल हालात में चार एनबीएफसी को सरकारी बैंकों से मदद मिली है।
  • बैंकों के एनपीए में कमी आई है।
  • एनपीए घटकर 7.90 लाख करोड़ रुपये हुआ है।
  • 18 में से 14 सरकारी बैंकों का मुनाफा बढ़ा है। 
  • बैंकों में कर्मचारियों की छंटनी नहीं की गई है। 
  • लोन रिकवरी रिकॉर्ड स्तर पर है। 
  • रिटेल लोन में हुई बढ़ोतरी
  • पंजाब नेशनल बैंक में होगा दो बैंकों, ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉमर्स और यूनाइटेड बैंक का विलय। 
  • केनरा बैंक और सिंडिकेट बैंक का होगा विलय 
  • इंडियन बैंक और इलाहाबाद बैंक का होगा विलय।
  • यूनियन बैंक, आंध्रा बैंक और कॉर्पोरेशन बैंक का होगा विलय।
  • सरकारी बैंकों की संख्या 18 से घटकर 12 हुई। 

Close